Omicron को लेकर 3 थ्‍योरी, चूहों से या किसी इंसान से आया यह नया म्‍यूटेशन?

Omicron को लेकर 3 थ्‍योरी, चूहों से या किसी इंसान से आया यह नया म्‍यूटेशन?   Image

कुछ वैज्ञानिकों ने इस थ्योरी को जन्म दिया है कि ओमिक्रॉन संभवतः चूहों से इतना ज्यादा फैला है। हालांकि पक्के तौर पर अभी इसके विषय में कुछ नहीं कहा जा सकता है लेकिन कुछ वैज्ञानिकों ने इस थ्योरी को जन्म दिया है कि ओमिक्रॉन संभवतः चूहों से इतना ज्यादा फैला। id="ram"> Last Updated: मंगलवार, 11 जनवरी 2022 (15:31 IST) अलग अलग थ्‍योरी पर वैज्ञानिक कर रहे हैं रिसर्च

Last Updated: मंगलवार, 11 जनवरी 2022 (15:31 IST)
अलग अलग थ्‍योरी पर वैज्ञानिक कर रहे हैं रिसर्च

पहले कोरोन और अब ओमिक्रॉन, लोग जानना चाहते हैं कि आखि‍र ये वायरस आ कहां से रहा। किस देश या जानवर से इसकी शुरुआत हुई है। कोरोनो के बारे में कहा गया था कि यह चीन से आया है।

अब ओमिक्रॉन को लेकर भी तमाम तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। ओमिक्रॉन को लेकर वैज्ञानिक एक मत नहीं है।

ओमिक्रॉन अब तक के सभी वेरिएंटों में सबसे तेजी से लोगों को संक्रमित कर रहा है। हालांकि पक्के तौर पर अभी इसके विषय में कुछ नहीं कहा जा सकता है, लेकिन ओमिक्रॉन की उत्पत्ति को लेकर वैज्ञानिक तीन तरह की थ्योरी पर विचार कर रहे हैं।

कुछ वैज्ञानिकों ने इस थ्योरी को जन्म दिया है कि ओमिक्रॉन संभवतः चूहों से इतना ज्यादा फैला है। हालांकि पक्के तौर पर अभी इसके विषय में कुछ नहीं कहा जा सकता है लेकिन कुछ वैज्ञानिकों ने इस थ्योरी को जन्म दिया है कि ओमिक्रॉन संभवतः चूहों से इतना ज्यादा फैला।

24 नवंबर 2021 को दक्षिण अफ्रीकी वैज्ञानिक ने SARS-CoV-2 के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन को खोजने का दावा किया था। उहोंने बताया था कि यह वेरिएंट देश के दक्षिणी हिस्सों में बहुत तेजी से फैल रहा है और अब तक के सभी वेरिएंट के मुकाबले यह वेरिएंट सबसे ज्यादा संक्रामक है। तब से लेकर अब तक ओमिक्रॉन दुनिया के लगभग सभी देशों को अपनी चपेट में ले लिया है और भारी तबाही मचा रहा है।

ओमिक्रॉन की तीन थ्योरी
ओमिक्रॉन की उत्पत्ति को लेकर वैज्ञानिक तीन तरह की थ्योरी पर विचार कर रहे हैं। ये तीन थ्योरीज हैं-


1. ओमिक्रॉन वेरिएंट दुनिया में शायद ऐसी जगह से विकसित हुआ है जहां से निपटने के संसाधन बहुत कम थे और इसकी निगरानी प्रक्रिया भी बहुत ढीली थी।

2. दूसरी थ्योरी के मुताबिक ओमिक्रॉन किसी ऐसे व्यक्ति में विकसित हुआ होगा जिसमें असामान्य रूप से बहुत लंबे समय तक संक्रमण रह गया होगा और उसकी प्रतिरक्षा प्रणाली से तालमेल बिठा लिया होगा। ऐसा शायद तब हुआ होगा जब व्यक्ति एचआईवी से पीड़ित रहा होगा या इम्यूनिटी संबंधी बीमारी को इलाज करा रहा होगा।

3. तीसरी थ्योरी में कहा गया है कि ओमिक्रॉन इंसानों में आने से पहले किसी जानवरों के समूह में विकसित हुआ होगा।

चूहों में मिला यह म्यूटेशन
इधर चाइनीज एकेडमी ऑफ साइंस के शोधकर्ताओं ने अपनी रिसर्च में दावा किया है कि हो सकता है कि ओमिक्रॉन चूहों के असामान्य म्यूटेशन के बड़े कलेक्शन से विकसित हुआ हो।

चीनी वैज्ञानिकों का मानना है कि इससे पहले के वेरिएंट का लीनिएज या स्ट्रेन B.1.1 साल 2020 के मध्य में इंसान से चूहों में गया होगा। इसके बाद समय के साथ यह खुद को अनुकूल बनाया होगा और 2021 के आखिर में फिर से इंसानों में प्रवेश कर गया होगा।

चीनी वैज्ञानिकों ने ओमिक्रॉन के आरएनए से 45 प्वाइंट म्यूटेशन की खोज की है। उनका मानना है कि ये म्यूटेशन इंसानों ने अपने आखिरी ज्ञात पूवर्ज से प्राप्त किए हैं।

इससे पहले के अध्ययन में कहा गया है कि आरएनए के इस प्वाइंट म्यूटेशन में ज्यादा म्यूटेट करने की क्षमता है।

About author
You should write because you love the shape of stories and sentences and the creation of different words on a page.